अयोध्या पहुंचे ‘उद्धव’ ठाकरे, शिवसेना ने गर्माया देश का माहौल

अयोध्या । शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे राम की नगरी अयोध्या आज दोपहर दो बजे पहुंच गए । भारी सुरक्षा के बीच वह अयोध्या पहुंचे हैं । आज वह लक्ष्मण किला में आयोजित आशीर्वाद समारोह में वह शिरकत करेंगे। इस समारोह में रामनगरी के लगभग सभी प्रमुख धर्माचार्यों को आमंत्रित किया गया है। समारोह में अयोध्या के संत-महंत व शीर्ष धर्माचार्य शिवसेना प्रमुख श्री ठाकरे को आशीर्वाद देंगे। शिवसेना ने अयोध्या के जरिये देशभर के माहौल गर्मा दिया है । अनुमति न मिलने के बावजूद उद्दव का अयोध्या पहुंचना बड़े राजनैतिक षड़तंत्र का इशारा दे रहा है । अब सभी की निगाहें उद्दव और अयोध्या पर टिकी हुई हैं ।

इस दौरान शिवसेना प्रमुख हिन्दू धर्माचार्यों से राममन्दिर निर्माण के मुद्दे पर वार्ता भी करेंगे। इसके बाद श्री ठाकरे शाम पांच बजे अयोध्या के लक्ष्मण घाट पर सरयू आरती करेंगे। इसी कड़ी में 25 नवम्बर को भी श्री ठाकरे अयोध्या में मौजूद रहेंगे। इसी दिन विश्व हिन्दू परिषद की ओर से विराट धर्मसभा का भी आयोजन किया जा रहा है। धर्मसभा में श्री ठाकरे के शामिल होने के बारे में अभी अन्तिम निर्णय नहीं हो सका है।

बताते चलें कि शिवसेना प्रमुख 25 नवम्बर को सुबह नौ बजे श्रीरामजन्मभूमि में विराजमान रामलला का दर्शन करेंगे। इसके बाद सुबह 11 बजे लक्ष्मण किला में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में शिरकत करेंगे। इतना ही नहीं बड़ी संख्या में महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश के साथ अन्य राज्यों से शिवसेना के राष्ट्रीय व प्रांतीय पदाधिकारी व कार्यकर्ता भी अयोध्या पहुंचे गये हैं।

अयोध्या व फैजाबाद के लगभग सभी होटल शिवसेना नेताओं और शिवसैनिकों के लिए बुक कराए जा चुके हैं। शुक्रवार को एक विशेष ट्रेन से करीब दो हजार शिवसैनिक अयोध्या पहुंच गए। दूसरी विशेष ट्रेन आज महाराष्ट्र से शिवसैनिकों को लेकर अयोध्या पहुंचेगी। शिवसेना प्रमुख के दो दिवसीय अयोध्या प्रवास के दौरान के आयोजनों की तैयारियों को शिवसेना प्रवक्ता संजय राउत के निर्देशन में अन्तिम रूप दे दिया गया है।

दूसरी तरफ अयोध्या में शिवसेना व विहिप के प्रस्तावित कार्यक्रमों के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद कर दी गई है। अयोध्या को नौ जोन, 16 सेक्टर और 30 माइक्रो सेक्टर में बांटा गया है। ड्रोन कैमरा, सीसीटीवी कैमरा व एटीएस की टीम भी लगाई गई है। सुरक्षा व्यवस्था के सुपरविजन के लिए शासन के निर्देश पर पांच आईपीएस अफसर एवं पीएसी के तीन कमांडेंट रैंक के अधिकारी भी पहुंच गए हैं।