शामली में शहीद हुए सिपाही अंकित तोमर को श्रदांजलि देने उमड़ा जनसमूह, भावुक हुए लोग

शामली | शामली के जंधेड़ी गांव में मुठभेड़ के दौरान एक लाख के इनामी बदमाश को ढेर करने वाले जांबाज सिपाही अंकित तोमर का पार्थिव शरीर उनके पैतृक गांव पहुंचा तो समूचे इलाकों में भारी शोक की लहर दौड़ गई। वहीं बेटे की मौत की खबर सुनते ही मां बेहोश हो गई और परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों सहित अंकित के दोस्तों और रिश्तेदारों का रो-रोकर बुरा हाल है। शामली और बागपत दोनों गांवों के लोग जांबाज सिपाही को अंतिम विदाई देने के लिए उनके पैतृक गांव पहुंचे हैं। शामली के जंधेड़ा में पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ के दौरान अंकित तोमर घायल हो गया था। जांबाज सिपाही ने बुधवार देर रात नोएडा के फोर्टिस अस्पताल में दम तोड़ दिया।

दो महीने पहले ही हुआ था बेटा-
स्थानीय पुलिस अफसर भी नोएडा अस्पताल पहुंचे थे। अंकित की पत्नी नेहा उसके साथ ही रहती थी। उसके तीन साल की बेटी और दो माह का बेटा है। अंकित का एक छोटा भाई रामबीर बीए का छात्र है।

योगी सरकार ने शहीद सिपाही के परिवार को दी 50 लाख की मदद-
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शामली में बदमाशों से मुठभेड़ के दौरान गोली लगने से शहीद हुए सिपाही अंकित तोमर के परिवारीजनों को 50 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दिए जाने की घोषणा की है। उन्होंने शहीद तोमर की वीरता की प्रशंसा की। दिवंगत की आत्मा की शांति की कामना करते हुए परिवारीजनों के प्रति हार्दिक संवेदना भी व्यक्त की। आर्थिक सहायता के तौर पर 40 लाख रुपये शहीद की पत्नी और 10 लाख रुपये उनके माता-पिता को दिए जाएंगे।