कांग्रेस के अध्यक्ष अब राहुल गाँधी, बोले- ‘नफरत की राजनीति को खत्म करेगी कांग्रेस’

नई दिल्ली | कांग्रेस अध्यक्ष का पदभार ग्रहण करने के बाद राहुल गांधी ने शनिवार को अपने पहले भाषण में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर देश को वापस ‘मध्ययुग’ में ले जाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) लोगों में बांट रही है और नफरत की भावना फैला रही है। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी मुख्यालय में आयोजित एक सादे समारोह में राहुल गांधी ने कहा, “भाजपा तोड़ती है और हम जोड़ते हैं। वे आग लगाते हैं, हम उसे बुझाते हैं। वे नफरत फैलाते हैं, हम प्यार बांटते हैं। वे बांटते हैं, हम लोगों को एक साथ जोड़ते हैं। इन्हीं बातों को लेकर हम औरों से अलग हैं।” इससे पहले यहां निर्वाचन अधिकारी मुल्लापल्ली रामचंद्रन ने राहुल गांधी को निर्वाचन प्रमाण-पत्र प्रदान किया।

इस मौके पर पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी, पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और कांग्रेस के अन्य वरिष्ठ नेता मौजूद थे। सोनिया ने इस मौके पर राहुल को कांग्रेस अध्यक्ष की कमान सौंपी। राहुल ने कहा, “हमारे समय की राजनीति के कारण आज बहुत-से लोग मायूस होंगे। राजनीति जनता के लिए होती है। लेकिन आज राजनीति का इस्तेमाल लोगों के उत्थान के लिए नहीं हो रहा है, बल्कि उन्हें दबाने के लिए हो रहा है।” राहुल ने कहा, “कांग्रेस भारत को 21वीं सदी में ले आई। लेकिन प्रधानमंत्री आज हमें वापस मध्ययुग में ले जा रहे हैं। हमें अब यह कल्पना करने पर मजबूर किया जा रहा है कि सौहाद्र्र के बिना हमारा कार्य-व्यापार चल सकता है और सिर्फ एक व्यक्ति खुद इसके लिए जिम्मेदार है, जो लोगों पर अपना प्रभाव डाल रहा है, और विशेषज्ञता, अनुभव व ज्ञान महज व्यक्तिगत गरिमा के लिए हो सकती है।”

राहुल ने कहा, “आपके सामने एक उदाहरण है। जब आग की चिंगारी फैलती है तो उसे बुझाना कठिन होता है। यह बात हम भाजपा के लोगों को बता रहे हैं कि अगर आप राष्ट्र को आग में झोंकेंगे तो उसपर नियंत्रण करना कठिन होगा। आज भाजपा ने पूरे देश में हिंसा की आग फैलाई है।” नेहरू-गांधी परिवार के वारिस 47 वर्षीय राहुल गांधी ने कहा कि देश के अनेक लोगों की तरह वह भी एक आदर्शवादी हैं। उन्होंने कहा, “मैं 13 साल पहले राजनीति में आया, क्योंकि देश और देश के लोगों में मेरा गहरा विश्वास है।” उन्होंने आगे कहा, “मैंने उनकी लड़ाई लड़ी है, जो अकेले नहीं लड़ सकते। स्वतंत्रता आंदोलन के इसी जज्बे से आज हमारी पार्टी को रोशनी मिल रही है। हम भाजपा के लोगों को अपने भाई-बहन की तरह समझते हैं, लेकिन हम उनके विचारों से सहमत नहीं हैं। वे लोगों की आवाज को दबाते हैं, लेकिन हम उन्हें बोलने की आजादी देते हैं। वे उनका तिरस्कार करते हैं, लेकिन हम उनका आदर करते हैं और उनका बचाव करते हैं।”

कांग्रेस अध्यक्ष ने केंद्र सरकार पर हमला बोला और कहा कि लोगों के पसंदीदा भोजन के लिए उनकी हत्या की जा रही है, जो एक देश के नाते हमें शर्मसार करती है। उन्होंने कहा, “मैंने महसूस किया है कि जब आप गरीबों के लिए खड़े होते हैं तो सत्ता में बैठे लोग आपको यथासंभव दबाने की कोशिश करते हैं।” राहुल ने कहा कि वह पार्टी को देश की जनता के बीच बातचीत का जरिया बनाना चाहते हैं। यह काम धर्म या अन्य कारकों की परवाह किए बगैर होगा और बातचीत प्यार व मोहब्बत के साथ होगी।