इलाहाबाद : प्रमुख सचिव के दौरे में कई अफसरों पर गिरी गाज

शशांक मिश्रा/ इलाहाबाद| विकास कार्याें की समीक्षा के क्रम में इलाहाबाद के प्रभारी पर्यवेक्षक प्रमुख सचिव खाद्य एवं सुरक्षा, औषधि प्रशासन हिमांशु कुमार द्वारा इलाहाबाद के विकास कार्याें एवं कानून व्यवस्था की गहन समीक्षा की गयी। आपको बता दें कि हिमांशु कुमार इलाहाबाद की समीक्षा के लिये दो दिवसीय दौरे पर थे। उन्होंने समीक्षा बैठक से पूर्व 16 अगस्त, 2017 को जिलाधिकारी  संजय कुमार के साथ सोरांव तहसील के सम्पूर्ण समाधान दिवस कार्यक्रम में भी भाग लेते हुये जिला प्रशासन द्वारा निस्तारित किये जा रहे शिकायती प्रकरणों की समीक्षा भी की। इसके बाद प्रमुख सचिव मनसैता ग्राम में किसानों के साथ चैपाल भी   की थी। एक दिन पूर्व से ही हिमांशु कुमार द्वारा जनपद इलाहाबाद में विकास कार्याें एवं कानून व्यवस्था की जमीनी हकीकत का जायजा लेते हुये आज जिले के सभी अधिकारियों के साथ विभिन्न विषयों पर कलेक्ट्रेट स्थित संगम सभागार में गहन समीक्षा की गयी। इस समीक्षा में प्रमुख सचिव के साथ जिलाधिकारी संजय कुमार, मुख्य विकास अधिकारी सैमुअल पाल एन, एसपी सिटी सिद्धार्थ के साथ सभी विभागों के प्रमुख एवं जिला स्तरीय अधिकारी भी उपस्थित थे।
 प्रमुख सचिव ने सर्वप्रथम जनपद के राजस्व संग्रह की समीक्षा करते हुये अधिकारियों से वास्तविक तथ्यों की जानकारी लेते हुये वाणिज्यकर, स्टाम्प एवं रजिस्ट्रेशन, आबकारी, मनोरंजनकर एवं मण्ड़ी समिति के कार्याें को लक्ष्य के अनुरूप राजस्व प्राप्त करने हेतु सचेत किया। उन्होंने भू-माफियाओं के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई किये जाने के निर्देश प्रशासनिक अधिकारियों को देते हुये कहा कि मामलों पर लगातार दबाव बनाये रखने के लिये निर्धारित धाराओं के साथ-साथ 107, 116 में भी कार्रवाई की जाय। प्रमुख सचिव ने आई0जी0आर0एस0 और राजस्व वादों के निस्तारण पर व्यापक चर्चा की तथा आई0जी0आर0एस0 की प्रगति को शतप्रतिशत लक्ष्य के अनुरूप बनाये जाने का निर्देश अधिकारियों को दिया। तहसील समाधान दिवसों में निस्तारित किये गये प्रकरणों की संख्या और गुणवत्ता पर उन्होंने गहरायी से समीक्षा करते हुये अधिकारियोें को निर्देशित किया कि समाधान दिवसों में आने वाले शिकायती प्रकरणों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाय। इसी तरह चकबन्दी वादों के निस्तारण पर भी उन्होंने तेजी बरतने के निर्देश दिये।
चिकित्सा विभाग की समीक्षा करते हुये प्रमुख सचिव ने चिकित्सालयों मंे चिकित्सकों की उपस्थिति शतप्रतिशत सुनिश्चित करने हेतु मुख्य चिकित्साधिकारी को निर्देशित किया। समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी द्वारा प्रमुख सचिव को अवगत कराया गया कि कई अस्पतालों और खासकर इलाहाबाद के बाल चिकित्सालय में दवाएं पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध नही हंै जिस हेतु निःशुल्क वितरण फण्ड को बढ़ाये जाने की कार्रवाई की जानी है। जिस पर प्रमुख सचिव ने जिलाधिकारी को आश्वासन दिया कि शासन को प्रकरण का संज्ञान दिलाते हुये शीघ्र कार्रवाई की जायेगी।
प्रमुख सचिव ने जन शिकायतों के निस्तारण के संबन्ध में लापरवाह अधिकारियों तथा इसकी समीक्षा बैठक में अनुपस्थित रहने वाले अधिकारियों के वेतन रोककर उन्हें लगातार सचेत करते रहने के निर्देश प्रशासनिक अधिकारियों को दिये। प्रमुख सचिव इस सम्बन्ध में जिलाधिकारी के इस कड़े रूख से भी सहमत हुये कि जो अधिकारी जन शिकायतों के निस्तारण की बैठकों में उपस्थित नहीं होगा उसके विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुये दण्ड़ित किया जायेगा। अपने कड़े रूख के अन्तर्गत उनकी एक दिन पूर्व सोरांव तहसील के समीक्षा के दौरान अनुपस्थित विद्युत एवं सिंचाई अधीक्षण अभियंताओं के खिलाफ तत्काल कार्रवाई करते हुये प्रतिकूल प्रविष्टि दिये जाने के निर्देश दिये। इसी प्रकार चकबन्दी विभाग में पांच वर्षाें से लम्बित मामलों का अध्यावधिक निस्तारण न होंने का संज्ञान लेते हुये प्रमुख सचिव ने पीठासीन अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करते हुये उनके वेतन रोक देने एवं न सुधरने पर उन्हें निलम्बित भी किये जाने के निर्देश दिये।