कालीचरण को पुलिस ने किया गिरफ्तार, धर्म संसद में महात्मा गांधी पर अभद्र टिप्पणी करने का है मामला

भोपाल। रायपुर धर्म संसद में महत्मा गांधी को अपशब्द कहने वाले संत काली चरण को रायपुर पुलिस ने मध्य प्रदेश के खजुराहो स्थित एक होटल से गिरफ्तार कर लिया है।संत कालीचरन एमपी के खजुराहो स्थित एक होटल में ठहरा हुआ था। जहां से पुलिस कालीचरण को दोपहर तक रायपुर लेकर वापस आएगी। कालीचरण के खिलाफ रायपुर में गैर जमानती धाराओं में मामला दर्ज किया जा चुका है। साइबर सेल के प्रभारी अभिषेक महेश्वरी ने स्वयं कालीचरण महाराज की पुष्टि की है।

मालूम हो कि महात्मा गांधी पर अभद्र टिप्पणी करने को लेकर आम जनमानस और सोशल मीडिया पर काफी बवाल मचा हुआ है, तो वहीं दूसरी तरफ सियात भी खूब गरमा गई है।हंगामा बढ़ता देख ये कयास लगाए जा रहे थे कि कालीचरण की गिरफ्तारी कभी भी हो सकती है। इस पूरे मामले को लेकर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कड़ा रूख अख्तियार करते हुए साफ कह दिया था कि काली चरण महाराज की गिरफ्तारी होगी। उनके इस बयान के बाद रायपुर पुलिस पूरी तरह सक्रिय हुई और उसे मध्यप्रदेश के खजुराहो स्थित एक होटल से गिरफ्तार कर लिया।

महात्मा गांधी पर अमर्यादित टिप्पणी करने के बाद कालीचरण पर सिर्फ रायपुर ही नहीं बल्कि देश के कई हिस्सों में मामले दर्ज किए गए थे। इसी बीच कल शाम को ही खबर आई थी कि कालीचरन रायपुर से फरार चल रहे हैं। इसके बाद एक्शन में आते हुए रायपुर पुलिस ने महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश में उनकी तलाश तेज कर दी थी। रायपुर के एसपी प्रशांत अग्रवाल की मानें तो कालीचरन खजुराहो से 25 किमी दूरी पर एक किराए के मकान में रह रहे थे।

जानकारी के मुताबिक, कालीचरण महाराज को रायपुर पुलिस ने खजुराहो के एक होटल से सुबह 4:30 बजे गिरफ्तार किया. छत्तीसगढ़ पुलिस ने कालीचरण को गिरफ्तार करने आधा दर्जन टीमें बनाई थीं। ये टीमें महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, दिल्ली, राजस्थान सहित अन्य राज्यों में कालीचरण के संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही थीं। पुलिस को खुफिया सूत्रों से जानकारी मिली की कालीचरण महाराज खजुराहो के एक होटल में हैं और उन्होंने अपने मोबाइल बंद कर रखे हैं। जिसके बाद रायपुर पुलिस ने होटल में दबिश दी और कालीचरण को अरेस्ट कर लिया।

धर्मसंसद में महात्मा गांधी पर आपत्तिजनक बयान के बाद कथित धर्म गुरु कालीचरण महाराज ने कहा था कि उन्हें इसका कोई पश्चाताप नहीं है। कालीचरण ने एक वीडियो जारी कर अपनी टिप्पणियों को सही ठहराया था. वीडियो में कालीचरण ने कहा है, ‘गांधी के बारे में अपशब्द बोलने के लिए मेरे खिलाफ प्राथमिकी हुई है। मुझे उसका कोई पश्चाताप नहीं है।’ उन्होंने कहा, ‘मैं गांधी को राष्ट्रपिता नहीं मानता हैं यदि सच बोलने की सजा मृत्यु है तो वह स्वीकार है।’ आपको बता दें कि नौपाड़ा पुलिस स्टेशन के अधिकारी ने कहा कि धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के इरादे से जानबूझकर और दुर्भावनापूर्ण कृत्य करने के लिए आईपीसी की धारा 294, 295ए, 298, 505 (2) और 506 (2) के तहत मामला दर्ज किया गया है।