पेगासस स्पाईवेयर केस : इस्राइल ने छोड़ा एनएसओ का साथ

Pegasus spyware case: Israel quits NSO

अमेरिकी ने बुधवार को एनएसओ समूह और कैंडिरू को उन गतिविधियों में शामिल होने के लिए ऐसी सूची में शामिल किया, जो अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा या विदेश नीति के हितों के विपरीत हैं। इसके बाद ही इस्राइल की तरफ से यह बयान आया है। इस्राइल सरकार ने पेगासस स्पाईवेयर बनाने वाली कंपनी एनएसओ से दूरी बना ली है। दरअसल, इस कंपनी पर आरोप हैं कि इसके बनाए गए पेगासस स्पाईवेयर के जरिए वैश्विक स्तर पर सरकारी अधिकारियों, कार्यकर्ताओं और पत्रकारों की कथित तौर पर जासूसी की गई। हाल ही में अमेरिका ने इन आरोपों के चलते एनएसओ पर प्रतिबंध लगा दिए थे। अब इस्राइली सरकार ने बयान जारी कर कहा है कि एनएसओ एक निजी कंपनी है और सरकार का उससे कोई लेना-देना नहीं है।

इस्राइल के विदेश मंत्री, याइर लापिड ने प्रधानमंत्री नफ्ताली बेनेट और वित्त मंत्री एविगडोर लिबरमैन के साथ शनिवार शाम प्रधानमंत्री कार्यालय में एक संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में हिस्सा लिया। यहां उन्होंने कहा, “एनएसओ एक निजी कंपनी है, यह एक सरकारी परियोजना नहीं है और इसलिए भले ही इसे नामित किया गया हो, इसका इस्राइल सरकार की नीतियों से कोई लेना-देना नहीं है।” लापिड ने कहा, “मुझे नहीं लगता कि दुनिया में कोई दूसरा देश है, जिसके पास साइबर युद्ध के लिए इतने सख्त नियम हैं और वह उन नियमों को इस्राइल से ज्यादा लागू कर रहा है, हम आगे भी ऐसा करना जारी रखेंगे।” 

अमेरिकी वाणिज्य विभाग के उद्योग और सुरक्षा ब्यूरो (बीआईएस) ने बुधवार को एनएसओ समूह और कैंडिरू को उन गतिविधियों में शामिल होने के लिए ऐसी सूची में शामिल किया, जो अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा या विदेश नीति के हितों के विपरीत हैं। विभाग ने बयान में कहा था कि एनएसओ को इस सबूत के आधार पर सूची में शामिल किया गया कि उसने स्पाईवेयर विकसित किया। आरोप है कि  स्पाईवेयर की आपूर्ति उन विदेशी सरकारों को की गई, जो इन उपकरणों का इस्तेमाल सरकारी अधिकारियों, पत्रकारों, व्यापारियों, कार्यकर्ताओं, शिक्षाविदों और दूतावास के कर्मचारियों को दुर्भावनापूर्ण रूप से निशाना बनाने के लिए करते थे।

अमेरिकी वाणिज्य विभाग ने कहा कि इस तरह की प्रथाओं से नियम-आधारित अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था को खतरा है। अमेरिका द्वारा बुधवार को काली सूची में डालने जाने की घोषणा के बाद से लापिड की टिप्पणी इस्राइल के किसी वरिष्ठ मंत्री की तरफ से आई पहली सार्वजनिक टिप्पणी है। बजट के पारित होने के बाद इस्राइल सरकार के शीर्ष तीन मंत्री प्रेस को संबोधित कर रहे थे, जिसे कई लोग कमजोर गठबंधन के सामने पहली बड़ी चुनौती के रूप में देख रहे थे, कुछ ऐसा जो इस गठजोड़ की लंबी उम्र का निर्धारण करेगा।