सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव को जया प्रदा की नसीहत, कहा- ‘हद में रहना जरूरी’

मुरादाबाद | महानगर में एक कार्यक्रम में सिने तारिका और भाजपा की नेता जया प्रदा सपा मुखिया अखिलेश यादव और रामपुर के सांसद आजम खान पर जमकर बरसीं। उन्होंने कहा कि गुरुवार को अखिलेश यादव ने सभी कार्यकर्ताओं को रामपुर में धरने के लिए उकसा कर दंगा भड़काने का प्रयास किया है। वह शांति सौहार्द भंग करना चाहते हैं। इसलिए मुख्यमंत्री से अपील है कि अखिलेश यादव पर दंगा भड़काने के प्रयास में केस दर्ज होना चाहिए।

सांसद आजम खान के जौहर विश्वविद्यालय में चोरी की किताब मिलने के मामले में कहा कि छह महीने पहले मदरसा अलिया विश्वविद्यालय के शिक्षक द्वारा की गई शिकायत पर कार्रवाई हुई है। पुलिस ने ढ़ाई हजार किताबें जब्त की हैं। चोरी पर शर्म करने के बजाय आजम खान पुलिस और प्रशासन को कोस रहे हैं। उनके ऊपर कई मामले लगे हैं। गरीबों की जमीन को कब्जाया है। पांच हजार हेक्टेयर जमीन विश्वविद्यालय में है। जया प्रदा ने कहा कि वह किसी प्रदेश के मुख्यमंत्री या मुखिया नहीं हैं। वह सिर्फ एक पार्टी के अध्यक्ष हैं, इसलिए उन्हें (अखिलेश यादव) को अपनी हद में रहना जरूरी है। रामपुर को लेकर जो कुछ हुआ, उससे अखिलेश यादव का असली चेहरा दिख गया है कि वह सत्ता के बगैर नहीं रह सकते।

उन्होंने कहा कि चुनाव के दौरान मेरे ऊपर, महिलाओं के बारे में टिप्पणी की हिम्मत की थी। सांसद बनने के बाद भी वह खुद को अल्लाह से बढ़कर समझने लगे हैं। इसलिए वह संसद की गरिमा को भूल गए और सांसद रमा देवी के खिलाफ सड़क छाप रोमियो की तरह टिप्पणी की, जो शर्मनाक है। आजम खान की पत्नी द्वारा उनकी टिप्पणी में साथ देने पर उन्हें भी महिला विरोधी बताया। कहा कि तंजीम फातिमा मेरी भाभी जैसी है, लेकिन महिला होने के बावजूद महिलाओं का समर्थन नहीं करती हैं। तीन तलाक बिल के पारित होने के दौरान भी वह सदन में मौजूद नहीं थीं।