आडवाणी को राष्ट्रपति उम्मीदवार न बनाने से भाजपाई नाखुश, नहीं कर पा रहे इजहार

नई दिल्ली | देश में राष्ट्रपति चुनाव को लेकर लम्बे समय से अटकलों का बाजार गर्म था | माना जा रहा था कि भाजपा के दिग्गज नेता लालकृष्ण आडवाणी को भाजपा राष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवार बनाएगी लेकिन भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने अटकलों को खारिज करते हुए बिहार के गवर्नर रहे रामनाथ कोविंद को एनडीए की तरफ से राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाने की घोषणा कर दी | कोविंद के राष्ट्रपति के उम्मीदवार बनाने की घोषणा के बाद से ही सोशल मीडिया पर भाजपा द्वारा आडवाणी को किनारे लगाने को लेकर तरह तरह से व्यंग्य कसे जा रहे हैं |

सोशल मीडिया पर कुछ भाजपा नेताओं ने भी आडवाणी को राष्ट्रपति न बनाने की आलोचना की है | विपक्षी पार्टियों के समर्थक भी लगातार पीएम और अमित शाह के खिलाफ मोर्चा खोले हुए हैं | कुछ भाजपा नेताओं ने तो नाम न छापने की शर्त पर बताया कि भाजपा नेतृत्व जानबूझकर शीर्ष नेताओं को खत्म कर रहा है, उन्होंने खुलकर आक्रोश जताया |

दरअसल, भाजपा समर्थक इस फैसले से नाराज है लेकिन समस्या यही है कि वह खुलकर अपनी नाराजगी नही जता पा रहे हैं | खैर जो भी, आडवाणी को राष्ट्रपति का उम्मीदवार न बनाना भाजपा को आने वाले भविष्य में भारी पड़ सकता है |