लखनऊ: कॉलेज में घुसकर छात्राओं से अभद्रता, चपरासी घायल

बेखौफ हो चुके शोहदों ने शनिवार सुबह तेलीबाग चौकी के पीछे स्थित रामभरोसे मैकूलाल इंटर कॉलेज के गेट पर छात्राओं से छेड़छाड़ और अभद्रता की। छात्राओं ने विरोध किया तो उन्हें खींचने की कोशिश की। छात्राएं चीखते हुए कॉलेज के भीतर भागीं तो शोहदे पीछे घुस आए। हंगामा मचने पर स्टाफ के लोग एकत्र गए और एक शोहदे को दबोच लिया जबकि उसके तीन साथी भाग निकले। उसे पुलिस के हवाले कर दिया गया है। उधर, कुछ देर बाद लौटे शोहदे के साथियों ने कॉलेज पर पथराव किया, जिसमें चपरासी वीरभान सिंह का सिर फूट गया। चपरासी ने शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस शोहदे के साथियों की तलाश कर रही है।
एसओ बृजेश कुमार राय के मुताबिक, वीरभान ने बताया कि घटना सुबह साढ़े दस बजे इंटरवल होने पर छात्राएं खाने-पीने के लिए बाहर निकली थीं। आठवीं और दसवीं की छात्राओं को देखकर पास खड़े तीन-चार शोहदों ने बद्तमीजी शुरू कर दी। छात्राओं ने शोहदों की हरकतों को नजरअंदाज किया तो हौसले बढ़ गए। उन्होंने छेड़छाड़ शुरू कर दी। एक छात्रा ने विरोध किया तो उसे खींचने की कोशिश की।
कॉलेज के गेट पर अराजकता से छात्राएं चीख-पुकार मचाते हुए भीतर की तरफ भागीं तो शोहदे भी उनके पीछे-पीछे कॉलेज में घुस आए। गेट पर तैनात चपरासी वीरपाल सिंह ने विरोध किया तो शोहदे गाली-गलौज करते हुए उसकी पिटाई करने लगे। शोरगुल सुनकर शिक्षक आरबी सिंह सहित स्टाफ के अन्य लोग एकत्र हो गए और शोहदों को घेर लिया। मौके पर राज प्रताप को दबोच लिया गया। उसका साथी ऑटो चालक सलमान व दो अन्य भाग निकले। राज प्रताप को पकड़कर पुलिस चौकी ले जाया गया। वीरभान ने अराजक तत्वों पर मारपीट का आरोप लगाते हुए कॉलेज में आए दिन छात्राओं से छेड़छाड़ की शिकायत की, जिस पर पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है।
उधर, कुछ देर बाद सलमान अपने साथियों को लेकर फिर से कॉलेज पहुंचा और गालियां देते हुए पत्थर चलाने लगा। पथराव से वीरभान सिंह का सिर फट गया। खून से लथपथ वीरभान जमीन पर गिरकर तड़पने लगा।
जानकारी पाकर पुलिस मौके पर पहुंची लेकिन तब तक शोहदे भाग चुके थे। पुलिस ने लहूलुहान हालत में वीरभान को अस्पताल ले जाकर उपचार कराया। एसओ बृजेश कुमार राय ने बताया कि कॉलेज के गेट पर फोर्स तैनात कर दी गई है।
चौकी से कॉलेज के गेट की दूरी 20 से 25 मीटर के आसपास है। सुबह कॉलेज के इंटरवल से दोपहर को छुट्टी तक यहां अराजक तत्वों का जमावड़ा लगा रहता है। शोहदे छात्राओं से खुलेआम छेड़छाड़ करते हैं। विरोध करने वालों को डराते-धमकाते हैं। अक्सर लोगों से मारपीट भी की जाती है लेकिन पुलिस आंखें मूंदे रहती है। चौकी भी अक्सर खाली पड़ी रहती है। चौकी के चारों तरफ सुबह से शाम और रात तक अराजकता का आलम रहता है। कॉलेज के शिक्षकों में स्थानीय पुलिस के खिलाफ खासा आक्रोश है। शनिवार सुबह हुई घटना से भड़के शिक्षकों ने कहा कि यहां रोज दबंगई होती है और पुलिस नजर नहीं आती। कॉलेज के क्लासरूम से पास तो पुलिस चौकी है। फिर भी शोहदे उत्पात मचाते रहे और पुलिस नहीं आई। अंतत: शोहदे को पकड़कर खुद ही चौकी ले जाना पड़ा। वहां भी काफी देर तक लोगों को बैठाए रखा गया। खून से लथपथ वीरभान को लेकर कॉलेज के शिक्षक व कर्मचारी चौकी पहुंचे तो काफी देर तक उन्हें बैठाए रखा गया। इस बीच चौकी का हेडकांस्टेबल अशोक कुमार मिश्रा परिसर में टहलकर सिगरेट फूंकता रहा। फोटो सोशल मीडिया पर वायरल होने पर एसएसपी दीपक कुमार ने मामले की जानकारी ली और अशोक कुमार मिश्रा को निलंबित करने के आदेश जारी किए।
बड़ा सवाल : महिलाओं से छेड़छाड़ जैसी घटनाओं को रोकने के लिए एंटी रोमियो स्कॉवयड का गठन किया गया है। सवाल यह है कि जिस वक्त राम भरोसे मैकूलाल इंटर कॉलेज में शोहदे उत्पात मचा रहे थे, उस वक्त यह टीम कहां थी। चौकी भी एकदम पास ही थी, इसके बाद भी पुलिस सोई रही। सवाल यह भी है कि क्या इस तरह सार्थक होगा एंटी रोमियो स्कॉवयड की गठन? आखिर क्यों राजधानी पुलिस क्राइम कंट्रोल में लगातार फेल होती जा रही है।