रिहा होकर मंदिर, गुरुद्वारा, चर्च के बाद जामा मस्जिद पहुंचे चंद्रशेखर, पढ़ी संविधान की प्रस्तावना, उमड़े हजारों समर्थक

नई दिल्ली | भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर को गुरुवार रात तिहाड़ जेल से रिहा कर दिया गया, जिसके बाद शुक्रवार सुबह से ही वो दिल्ली के अलग-अलग स्थानों पर जा रहे हैं। आज सुबह जहां वो रविदास मंदिर गए, फिर गुरुद्वारा, उसके बाद चर्च गए, अब वो जामा मस्जिद पहुंचे हैं।

यहां पहुंचकर चंद्रशेखर ने संविधान की प्रस्तावना पढ़ी और संविधान, बाबा साहेब आंबेडकर अमर रहे के नारे लगाए। बता दें कि चंद्रशेखर आजाद को अदालत के नियम के अनुसार जेल से रिहा होने के 24 घंटे के अंदर दिल्ली छोड़नी है।

गौरतलब है कि अदालत ने चंद्रशेखर को सशर्त जमानत पर रिहा करने करने का आदेश बुधवार को दिया था। उम्मीद थी कि बुधवार रात को ही कोर्ट का आदेश जेल पहुंच जाएगा और चंद्रशेखर को रात को ही जेल से रिहा कर दिया जायेगा, लेकिन उसकी रिहाई का आदेश बुधवार को तिहाड़ नहीं पहुंचा। इसलिये उसे बुधवार को रिहा नहीं किया जा सका। बृहस्पतिवार शाम तक कोर्ट का आदेश जेल पहुंचा जिसके बाद जेल प्रशासन ने उसे रात करीब साढ़े आठ बजे छोड़ा। जेल के बाहर चंद्रशेखर के समर्थक उत्सुकता से उनका इंतजार कर रहे थे। भारी समर्थकों की मौजूदगी में चंद्रशेखर वहां से निकले।

16 फरवरी तक किसी प्रदर्शन में शामिल होने की अनुमति नहीं-
चंद्रशेखर को दिल्ली की जामा मस्जिद से गिरफ्तार कर तिहाड़ जेल भेज दिया था। दिल्ली की एक अदालत ने बुधवार को उन्हें सशर्त जमानत दी थी। अदालत ने चंद्रशेखर को चार सप्ताह के लिए दिल्ली न आने और 16 फरवरी तक किसी भी प्रदर्शन में शामिल न होने के निर्देश दिए हैं। रिहा होकर चंद्रशेखर ने मीडिया से कहा, हमारा आंदोलन संवैधानिक रूप से जारी रहेगा। जब तक यह कानून वापस नहीं लिया जाता।