बाबा राम रहीम पर बलात्कार केस में कल फैसला सुनाएगी CBI कोर्ट, कई राज्यों में अलर्ट

नई दिल्ली। पंचकूला स्थित सीबीआई अदालत आज शुक्रवार को बाबा राम रहीम पर लगे यौन शोषण के मामले मे फैसला सुनाएगी। इस फैसले से पहले ही पंचकूला में माहौल तनावपूर्ण हो गया है। बाबा राम रहीम के लाखों समर्थक पंचकुल पहुंच चुके हैं। अनुमान के अनुसार करीब डेढ़ लाख डेरा अनुयायियों ने सडकों और आसपास के खेतों-खाली मैदानों में शरण ली है। वहीं हरियाणा सरकार मामले की गंभीरता को देखते हुए सेना को बुलाने पर विचार कर रही है। पंचकूला और चंड़ीगढ़ में प्रशासन ने स्कूल-कॉलेजों को बंद करने का फैसला लिया है। वहीं प्रशासन ने पंचकूला में धारा 144 लागू कर दी गई है।

राजनाथ सिंह को पत्र भेजकर और केन्द्रीय बल मुहैया कराने का अनुरोध किया है। अतिरिक्त मुख्य सचिव रामनिवास ने बताया कि केन्द्र से मिली अर्धसैनिक बलों की कम्पनियों के अलावा करीब ढाई हजार पुलिसकर्मी तथा दो हजार होमगार्ड भी तैनात किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि संवेदनशील स्थानों पर दस वरिष्ठ आईपीएस की तैनाती भी की जा रही है। फैसले के चलते हरियाणा और पंजाब को अलर्ट पर रखा गया है। केंद्रीय बलों की 75 कंपनियों को दोनों राज्यों में तैनात की गई है। राज्य के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) सुरेश अरोरा ने बताया कि संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिसकर्मियों की मुस्तैदी की गई है। डेरा सच्चा सौदा के ‘नाम चर्चा घर’ के बाहर पुलिस की सख्त पहरेदारी है। उधर खबरें मिल रही हैं कि डेरा से जुड़े लोग पेट्रोल, डीजल, पत्थर और धारदार हथियार जमा कर रहे हैं। इसे देखते हुए हरियाणा और पंजाब को लगभग छावनी में तब्दील किया जा रहा है।  डीजीपी सुरेश अरोरा पूरे राज्य में सुरक्षा व्यवस्था पर कड़ी निगरानी रख रहे हैं। मंगलवार सुबह उन्होंने बठिंडा का दौरा किया। डीजीपी सुरेश ने बताया कि केंद्रीय बलों के अलावा लगभग 11 हजार पुलिस कर्मियों की तैनाती केवल बठिंडा में की गई है  | सरकार ने डेरा प्रेमियों के चर्चा घरों में लाठी, डंडों और दूसरे हथियारों को ले जाने पर प्रतिबंध लगा दिया है। उधर पंजाब के डीजीपी ने प्रदेश के सभी डीआईजी, आईजी और एसएसपी को अलर्ट जारी कर बताया है कि डेरा से जुड़े लोग पेट्रोल, डीजल, पत्थर और धारदार हथियार जमा कर रहे हैं। दोनों प्रदेशों को लगभग छावनी में तब्दील किया जा रहा है। राज्य के पुलिस महानिदेशक सुरेश ने पुलिस महानिदेशक (कानून और व्यवस्था), पुलिस महानिदेशक (खुफिया), जिला मजिस्ट्रेट के साथ-साथ एसएचओ स्तरीय बैठक कर सुरक्षा व्यवस्था पर चर्चा की। इस बैठक में अर्धसैनिक बलों के वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल रहे। बैठक में डेरा सच्चा सौदा के अनुयायियों और अन्य समूहों की योजना के बारे में उपलब्ध विस्तृत खुफिया जानकारी वरिष्ठ अधिकारियों को मुहैया कराई गई। उल्लेखनीय है कि बड़ी संख्या में डेरा सच्चा सौदा के अनुयायी बठिंडा, मनसा और मुक्तसर जिले में रहते हैं। इन तीन जिलों की सीमाएं सिरसा से लगती हैं। पंजाब के पुलिस महानिदेशक सुरेश अरोरा ने मनसा, मोगा, पटियाला, लुधियाना और फतेहगढ़ साहिब जिलों का भी दौरा किया। मंगलवार को पंजाब पुलिस ने अर्धसैनिक बलों के साथ फ्लैग मार्च भी निकाला था।

ये है मामला-
डेरा सच्चा सौदा की एक पूर्व महिला अनुयायी ने गुरमीत राम रहीम पर डेरा परिसर में बलात्कार करने का आरोप लगाया था। डेरा सच्चा सौदा हरियाणा के सिरसा के पास स्थित है। 1999 में अपराध किए जाने का आरोप है लेकिन प्राथमिकी 2002 में दर्ज की गई है। मामले में डेरा प्रमुख के खिलाफ सीबीआई ने जांच की थी। डेरा प्रबंधन अपने प्रमुख के खिलाफ सभी आरोपों को गलत बताता रहा है। गौरतलब है कि हरियाणा और पंजाब में डेरा प्रमुख के अनुयायियों की बड़ी संख्या है।