अमेरिका की धमकी ‘-हमले की हिमाकत की तो तबाह कर देंगे’, ईरान बोला- ‘डरपोक है अमेरिका’

अमेरिकी हवाई हमले में ईरान के सबसे ताकतवर सैन्य जनरल कासिम सुलेमानी के मारे जाने के बाद पूरे मध्य पूर्व युद्ध के बादल मंडराने लगे हैं। सुलेमानी की हत्या के बाद इराक स्थित अमेरिकी ठिकानों पर राकेट दागे जाने की घटना के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर ईरान को चेतावनी देते हुए कहा, अगर ईरान ने किसी अमेरिकी ठिकाने या किसी अमेरिकी पर हमला करने की कोशिश की तो हम उसके 52 ठिकानों को एक झटके में तबाह कर देंगे। ये ईरान और ईरानी संस्कृति के लिए काफी अहमियत रखते हैं।

ईरान ने फिर हमले की हिमाकत की तो हम अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई करेंगे। वहीं, अमेरिका को फटकार लगाते हुए ईरानी सेना ने कहा है कि अमेरिका डरपोक है। उसमें यह हिम्मत नहीं है कि वह आमने-सामने की लड़ाई लड़ सके। सरकारी समाचार एजेंसी इरना के हवाले से मेजर जनरल अब्दुल रहीम मौसवी ने यह बयान जारी किया है।

इस बीच, ब्रिटेन ने होर्मुज की खाड़ी में शाही नौसेना के दो जंगी पोतों को रवाना कर दिया है। ब्रिटेन के रक्षा मंत्री बेन वॉलेस ने कहा, अपने जहाजों और नागरिकों की सुरक्षा के लिए एचएमएस मॉन्ट्रोस और एचएमएस डिफेंडर को भेजा गया है। शाही नौसेना की परमाणु हथियारों और टॉमहॉक मिसाइलों से लैस पनडुब्बी खाड़ी में पहले से ही तैनात है, जिसमें किसी इमारत को ध्वस्त करने की क्षमता है। इस बीच, जनरल सुलेमानी का शव रविवार को ईरान लौट आया है। इससे पहले ट्रंप ने कई ट्वीट में कहा, हम किसी भी तरह के हमले का मुंहतोड़ जवाब देने को तैयार हैं। उन्होंने (ईरान ने) हम पर हमला किया और हमने जवाबी हमला किया। यदि वे फिर हमला करते हैं, तो हम उन पर अब तक का सबसे जोरदार हमला करेंगे। मैं उन्हें कोई हमला नहीं करने की सलाह देता हूं। अगर हमला हुआ तो हम उन्हें ऐसा जवाब देंगे, जैसा उन्होंने पहले कभी नहीं देखा होगा।

राष्ट्रपति ने कहा, हमारे पास दुनिया की सबसे बड़ी और बेहतर सेना है। अमेरिका ने सैन्य उपकरणों पर 2000 अरब डॉलर खर्च किए हैं। हम दुनिया में सबसे बड़े और सर्वश्रेष्ठ हैं। यदि ईरान हमारे सैन्य अड्डे या किसी अमेरिकी पर हमला करता है तो हम अपने कुछ एकदम नए खूबसूरत उपकरण.. बिना किसी हिचकिचाहट के उनके खिलाफ इस्तेमाल करेंगे। ट्रंप ने यह बयान उस वक्त दिया, जब ईरान समर्थक गुटों ने इराक के बगदाद स्थित अमेरिकी दूतावास और अल-बालाद एयरबेस पर शनिवार देर रात दो रॉकेट दागे। यहां अमेरिकी सैनिक तैनात हैं।