इलाहबाद में बोले मंत्री आशुतोष टंडन- ‘शिक्षको पर है बच्चो का स्वर्णिम भविष्य बनाने की जिम्मेदारी’

शशांक मिश्रा/इलाहाबाद | प्राविधिक शिक्षा एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री तथा प्रभारी मंत्री आशुतोष टण्डन ‘‘गोपाल जी’’ मंगलवार को कनिहार में पौध रोपण करने के उपरान्त प्राथमिक विद्यालय कनिहार के विद्यार्थियों को स्कूल ड्रेस तथा पाठ्य पुस्तक वितरित किया। प्राथमिक विद्यालय के विद्यार्थियों ने मंत्री का स्वागत पुष्पगुच्छ देकर किया।
इस अवसर पर मंत्री ने कहा  कि बच्चों का स्वर्णिम भविष्य बनाने की जिम्मेदारी अध्यापकों पर है,  सरकार प्राथमिक शिक्षा को लेकर बहुत ही गंभीर है तथा प्रत्येक बच्चे को शिक्षित करना उसका उद्देश्य है। सरकार की इस मंशा को पूरा करने का दायित्व अध्यापकों पर है, इस कार्य को पूरा करने हेतु सरकार ने सभी सुविधायें दे रखी हैं। सरकार प्राथमिक विद्यालयों के बच्चों को किताबें तथा ड्रेस निःशुल्क दे रही है इसके अतिरिक्त एमडीएम के माध्यम से बच्चों को पोषण आहार भी दिया जा रहा है। अब इसके बाद की जिम्मेदारी अध्यापकों की है। अध्यापक प्रतिदिन स्कूल आयें तथा विषयों को रूचिकर बनाकर बच्चों को पढ़ायें। उन्होंने कहा कि प्राथमिक शिक्षा ही बुनियादी शिक्षा है, और इसे मजबूत करना अध्यापकों के साथ ही अभिभावकों की भी जिम्मेदारी है।  अध्यापक समाज के उम्मीदों पर खरें उतरते हुए प्राथमिक विद्यालय के मान को बढ़ायें। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि पढ़ने-लिखने के साथ खेलें भी परन्तु पढ़ना बहुत जरूरी है। उन्होंने कहा कि समाज के कई ऐसे उदाहरण हैं जो प्राथमिक विद्यालय में पढ़-लिखकर आज ऊंचे पदों पर कार्यरत हैं।  आज राष्ट्रपति पद की शपथ ले रहे मा0 रामनाथ कोविंद जी भी प्राथमिक विद्यालय से पढ़े हैं। उन्होंने ग्रामीणवासियों, प्राथमिक विद्यालय के अध्यापकों तथा बच्चों से कहा कि प्राथमिक विद्यालय पर गर्व करते हुए इसकी गरिमा को बनाये रखें।  प्राथमिक विद्यालय के कमियों को सरकार दूर करते हुए और आधुनिक करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने बेटियों से अपील किया कि पढ़े और परिवार के साथ ही समाज का भी सम्मान बढ़ायें। उन्होंने स्कूल के छात्राओं से ड्रेस तथा किताबों के बारे में भी जानकारी ली।
इसके पूर्व जिलाधिकारी संजय कुमार ने चिकित्सा शिक्षा मंत्री का स्वागत करते हुए बताया कि 15 अगस्त तक जनपद के सभी प्राथमिक विद्यालयों में ड्रेस तथा किताब का वितरण कर दिया जायेगा। उन्होंने कहा कि प्राथमिक विद्यालय कनिहार में 166 बच्चे हैं जिनमें 99 छात्रायें तथा 67 छात्र हैं। इस विद्यालय में 05 अध्यापक तथा 03 अनुदेशक हैं।  स्कूल में आने के लिए रास्ता संकरा था जिसे आज चैड़ा करने का निर्देश दे दिया गया है। डीएम ने कहा कि जनपद में प्राथमिक विद्यालयों की शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास किया जा रहा है तथा शिक्षकों की शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित कराने के लिए अधिकारियों द्वारा औचक निरीक्षण भी किया जा रहा है।  डमी अध्यापकों को चिन्हित करने का भी अभियान चल रहा है प्राथमिक विद्यालयों को अंग्रेजी स्कूलों की तरह माॅडल बनाने का कार्य तेजी से किया जा रहा है।
इस अवसर पर जिलाधिकारी संजय कुमार के साथ ही वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आनन्द कुलकर्णी, मुख्य विकास अधिकारी सैमुअल पाल एन, डीएफओ दिव्या, मुख्य चिकित्साधिकारी डाॅ0 आलोक वर्मा सहित संबंधित अधिकारीगण तथा गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।