24 को मेट्रो का चक्का जाम, DMRC ने कहा- किसी बहकावे में ना आये

वेतन बढ़ोतरी समेत अन्य मांगों को लेकर शुक्रवार को दिल्ली मेट्रो कर्मियों ने काली पट्टी बांधकर दिल्ली समेत एनसीआर के स्टेशन पर विरोध प्रदर्शन किया। दिल्ली मेट्रो के नॉन एग्जीक्यूटिव स्टाफ,ऑपरेटर, मेंटिनेंस कर्मियों ने विरोध जताते हुए मांग पूरी नहीं होने पर 24 जुलाई को मेट्रो रोकने की चेतावनी दी है।
स्टाफ काउंसिल के सचिव की अध्यक्षता में विरोध प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि लंबे समय से वेतन बढ़ोतरी समेत अन्य मांग उठा रहे हैं, लेकिन आश्वासन के सिवाय कुछ नहीं मिला। मेट्रो प्रबंधन बैठक में भरोसा तो देता है, लेकिन अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया है। यदि हमारी मांगें पूरी नही हुईं तो फिर हम 24 को मेट्रो का चक्का जाम कर देंगे। शुक्रवार को यमुना बैंक, द्वारका, बदरपुर, जहांगीरपुरी, विश्वविद्यालय, कुतुब मीनार व शाहदरा स्टेशन पर विरोध जताया गया। उधर, दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (डीएमआरसी) ने अपने कर्मचारियों से कहा है कि वे किसी आंदोलन के बहकावे और उकसावे में न आएं और शांतिपूर्वक अपना काम करें।
डीएमआरसी ने कहा कि जिन दो मुद्दों पर कुछ कर्मचारी आंदोलन की तैयारी कर रहे हैं, वे वाजिब नहीं हैं। कर्मचारियों की पहली मांग सूची ए सीपीएसई वेतनमान के मुताबिक वेतन में सुधार की है। डीएमआरसी ने कहा है कि तीसरे वेतन आयोग की सिफारिशों को सरकार के जरिये स्वीकृत किया जा चुका है। इस संबंध में किसी भी समय आदेश जारी किया जा सकता है। यह समय नहीं है कि इस तरह से मांग की जाए। वेतन से जुड़े सभी मुद्दे जल्द ही सरकार के आदेश के बाद सुलझा लिए जाएंगे।
दूसरा मुद्दा मेट्रो प्रबंधन की ओर से कुछ कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई को लेकर है। मेट्रो ने कहा कि डीएमआरसी के नियमों के मुताबिक गलत काम के लिए यह कार्रवाई जानबूझकर की गई कार्रवाई नहीं है। यह बिल्कुल ही निजी मसला है। इस व्यक्तिगत मुद्दे को सार्वजनिक बनाकर लोगों को उकसाया जा रहा है और काम में व्यवधान पैदा किया जा रहा है। स्टाफ काउंसिल ने भी इन मुद्दों पर बैठक बुलाई है।