पढ़िए बाएं हाथ की तीसरी उंगली में ही क्यों पहनाई जाती है सगाई की अंगूठी !

शादी से कुछ दिन पहले सगाई की जाती है। इसमें लड़का और लड़की एक-दूसरे को अंगूठी पहनाते हैं। रिंग फिंगर पर ही अंगूठी पहनाई जाती है। हर कोई इसको रस्म मान कर एेसा करता है। मगर इसके पीछे का धारणा कोई नहीं जानता। रिंग फिंगर में अगूंठी पहने की अलग- अलग धारणा हैं। आज पढ़िए सिर्फ चीची उंगली के साथ वाली उंगली में ही अंगुठी क्यों पहनाई जाती है।

  1. भारतीय धारणा के अनुसार
    भारतीय धारणा के अनुसार रिंग फिंगर का इस्तेमाल काम में सबसे कम होता है। इतनी मंहगी को उस ही उंगली में पहना जाता है जहां वह सुरक्षित हो। इतनी महंगी ring के साथ रिस्क क्यों लें भला। इसलिए भारतीय लोग भी इस उगंली में ही अगूंठी पहनते हैं।
  2. रोमन धारणा के अनुसार
    रोमन लोगों का मानना है कि रिंग फिंगर सीधे दिल से जुड़ी होती है। जो भी इंसान इस उंगली में रिंग पहनता है वह आपके दिल के सबसे करीब हो जाता है। यही कारण है कि लड़का और लड़की का रिश्ता और भी मजबूत करने के लिए रिंग फिंगर में अंगूठी पहनाई जाती है।
  3. चीन की धारणा के अनुसार
    चीन के अनुसार अंगूठा पैरेंट्स के लिए, index finger भाई-बहन के लिए, मिडिल फिंगर खुद के लिए, रिंग फिंगर हमसफर के लिए और little finger बच्चों के लिए। एेसे ही रिंग फिंगर हम पार्टनर के लिए होती है।