PNB महाघोटाले के मुख्य आरोपी नीरव मोदी और मेहुल चौकसी का पासपोर्ट सस्पेंड

नई दिल्ली। पंजाब नेशनल बैंक (PNB) में हुए महाघोटाले के आरोपियों पर शिकंजा कसने की कवायद शुरू हो गई है। मुख्य आरोपी नीरव मोदी और मेहुल चौकसी का पासपोर्ट चार सप्ताह के लिए सस्पेंड कर दिया है। सीबीआई PNB के पूर्व अधिकारी गोकुलनाथ शेट्टी के घर जांच के लिए पहुंची। सीबीआई ने गीतांजलि ग्रुप के शोरूम्स पर छापेमारी भी शुरू कर दी है। दूसरी तरफ PNB ने अपने 18 कर्मचारियों को सस्पेंड कर दिया है। सीबीआई ने PNB की शिकायत के आधार पर मेहुल चौकी के गीतांजलि ग्रुप के खिलाफ भी केस दर्ज कर लिया है। PNB ने 13 फरवरी को गीतांजलि ग्रुप के खिलाफ शिकायत की थी। करीब 11300 करोड़ रुपये के इस घोटाले के आरोपी नीरव मोदी, उनकी पत्नी अमी मोदी, भाई निशाल मोदी और गीतांजलि के प्रमोटर मेहुल चौकसी को पकड़ने के लिए इंटरपोल को भी एलर्ट कर दिया गया है। इन चारों आरोपियों कि खिलाफ इंटरपोल डिफ्यूजन नोटिस जारी कर दिया गया है। नीरव मोदी और मेहुल चौकसी को एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट करने का आदेश जारी किया गया है। अगर निर्धारित समय में दोनों उपस्थित नहीं होंगे विदेश मंत्रालय उनका पासपोर्ट रद्द भी कर सकता है।

सीबीआई नीरव मोदी की यूरोप और अमेरिका में भी तलाश कर रही है। इसके अलावा उसके हॉन्गकॉन्ग वाले पते पर भी सीबीआई नजर रख रही है। इंटरपोल से डिफ्यूजन नोटिस जाने होने के बाद इंटरपोल इन आरोपियों की धर-पकड़ के लिए सक्रिय भी हो गया है। ये चारों आरोपी जनवरी के शुरुआत में ही भारत से फरार हो चुके हैं। इससे पहले ईडी ने भी बैंकिंग फ्रॉड के इस मामले में नीरव मोदी और मेहलु चौकसी के नाम समन जारी किया है। सीबीआई ने अरबपति जूलरी डिजायनर नीरव मोदी और उनके साझेदार मेहुल चौकसी के पासपोर्ट रद्द करने की मांग की है।
आरोप है कि अरबपति आभूषण डिजाइनर नीरव मोदी व उनके परिवार के कुछ सदस्यों ने PNB द्वारा जारी 150 गारंटी पत्रों के जरिये 11000 करोड़ रुपये से अधिक के फर्जी लेनदेन किए। अधिकारियों ने कहा कि पंजाब नेशनल बैंक (PNB) के साथ धोखाधड़ी को लेकर इस समय सुर्खियों में चल रहे नीरव मोदी बैंक की ओर से इस मामले में शिकायत मिलने से काफी दिन पहले गत एक जनवरी को ही देश से बाहर चले गए थे।
नीरव मोदी के खिलाफ तेज हुई जांच, 5100 करोड़ रुपये के आभूषण जब्त

केंद्रीय जांच एजेंसियों ने 11,300 करोड़ रुपये के पंजाब नेशनल बैंक (PNB) घोटाले में आभूषण डिजाइनर नीरव मोदी और कुछ अन्य लोगों के खिलाफ जांच तेज कर दी है। 280 करोड़ रुपये के मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों की जांच के सिलसिले में ईडी ने मुंबई, दिल्ली और गुजरात में छापेमारी में 5,100 करोड़ रुपये के हीरे, सोने के आभूषण जब्त किए हैं। सीबीआई और ईडी ने विदेश मंत्रालय के पास अलग-अलग आवेदनों के जरिये मोदी और उसके रिश्तेदार एवं गीतांजलि जूलरी श्रृंखला के प्रवर्तक मेहुल चौकसी का पासपोर्ट रद्द करने की अपील है। सीबीआई ने मोदी से जुड़े ठिकानों से बरामद कंप्यूटरों का विश्लेषण पूरा कर लिया है। हीरा कारोबारी मोदी (46) एक जनवरी को देश से भाग गए हैं।मोदी, उनकी पत्नी एमी, भाई निशाल और चौकसी के खिलाफ 280 करोड़ रुपये की मनी लॉन्ड्रिंग का मामला दर्ज करने के बाद गुरुवार को दिल्ली, मुंबई, हैदराबाद, जयपुर और सूरत में 17 स्थानों पर छापेमारी की गई। एजेंसी ने मोदी और अन्य आरोपियों की मुंबई में पांच संपत्तियां सील की हैं। इसके अलावा ईडी ने आयकर विभाग को भी पत्र लिखा है जिसमें पिछले साल जनवरी में मोदी और उनके सहयोगियों के परिसरों पर छापेमारी के दौरान जब्त सभी दस्तावेजों को साझा करने को कहा है।

ईडी ने मामले में सीबीआई द्वारा दर्ज प्राथमिकी (एफआईआर) के आधार पर मनी लॉन्ड्रिंग निरोधक अधिनिमय (पीएमएलए) के तहत मामला दर्ज किया था। समझा जाता है कि ईडी ने PNB की ओर से मोदी और अन्य के खिलाफ प्रस्तुत की गयी शिकायतों पर भी गौर किया है। एजेंसी इस बात की जांच करेगी कि कथित रूप से धोखाधड़ी से हासिल बैंक के धन की लॉन्ड्रिंग हुई और क्या अपराध की कमाई का बाद में गैरकानूनी तरीके से संपत्तियां खरीदने और कालेधन के रूप में इस्तेमाल किया गया। मोदी 2013 से फोर्ब्स की अमीर भारतीयों की सूची में नियमित रूप से शामिल रहे हैं।
सीबीआई ने नीरव मोदी, उसकी पत्नी और उनके एक भागीदार को बैंक के साथ 2017 में 280.70 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के मामले में 31 जनवरी को नामजद किया है। सीबीआई ने कहा है कि मोदी व उनके परिवार के कुछ सदस्यों ने PNB द्वारा जारी 150 गारंटी पत्रों के जरिये 11,000 करोड़ रुपये से अधिक के फर्जी लेनदेन किए। उन्होंने कहा कि नीरव मोदी बैंक की ओर से इस मामले में शिकायत मिलने से काफी दिन पहले गत एक जनवरी को ही देश से बाहर चले गए थे। मोदी के पास भारतीय पासपोर्ट है। उन्होंने कहा कि नीरव का भाई निशाल बेल्जियम का नागरिक है। वह भी एक जनवरी को भारत छोड़ गया। हालांकि वे दोनों साथ गए थे या अलग-अलग इसकी जांच अभी की जानी है। नीरव की पत्नी और अमेरिकी नागरिक एमी छह जनवरी को यहां से निकलीं। उसके चाचा और गीतांजलि जूलरी के प्रवर्तक मेहुल चौकसी चार जनवरी को देश छोड़कर चले गए। बैंक को इस मामले में संदेह 16 जनवरी को हुआ जबकि आरोपी कंपनी डायमंड आर यूएस, सोलार एक्सपोर्ट्स व स्टेलर डायमंड्स (सभी सीबीआई की एफआईआर में आरोपी हैं) ने आयात दस्तावेजों के साथ उससे संपर्क किया और गारंटी पत्र (एलओयू) जारी करने का आग्रह किया ताकि विदेशी आपूर्तिकर्ताओं को भुगतान कर सकें।

एफआईआर के अनुसार बैंक को पहले की कोई जानकारी अपनी प्रणाली में नहीं मिली। अधिकारियों के अनुसार पीएनबी ने 280 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के बारे में 29 जनवरी को सीबीआई को शिकायत की थी। ऐसा माना जा रहा है कि नीरव मोदी स्विट्जरलैंड में हैं। वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ दावोस (स्विट्जरलैंड) में नामी भारतीय कंपनियों के मुख्य कार्यपालकों (सीईओ) के समूह के साथ फोटो में शामिल हैं। वर्ल्ड इकॉनमिक फोरम के सम्मेलन की इस तस्वीर को 23 जनवरी को प्रेस सूचना ब्यूरो ने जारी किया था। इसके छह दिन बाद ही पंजाब नेशनल बैंक ने उनके खिलाफ पहली शिकायत की।
-एजेंसी