कन्हैया कुमार को जिताने के लिए बेगूसराय में डेरा डाले हुए हैं कई नामी हस्तियां

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्र संघ (जेएनयूएसयू) के पूर्व अध्यक्ष कन्हैया कुमार को उन्हें बिहार से लोकसभा भेजने के लिए प्रचार में जुटे हुए हैं। कुमार को बिहार की बेगूसराय सीट से भाकपा ने टिकट दिया। वह भाजपा के वरिष्ठ नेता गिरिराज सिंह और राजद के तनवीर हसन को चुनौती दे रहे हैं। इस सीट पर 29 अप्रैल को मतदान होगा।जेएनयूएसयू के पूर्व सदस्य और कुमार के साथ देशद्रोह के आरोप का सामना करने वाले रामा नागा दो हफ्तों से बेगूसराय में हैं। उन्होंने कहा कि सरकार ने हमें झुकाने की भरपूर कोशिश की। हमारा नाम दुनिया के इतिहास में उन कुछ लोगों के साथ दर्ज किया जाएगा जिन पर देशद्रोह का आरोप लगाया गया था।

उन्होंने कहा कि वे इसे नकारात्मक टैग बनाना चाहते थे, लेकिन कन्हैया ने इसमें से सकारात्मक शुरुआत की और बेगूसराय में अपनी जड़ों से जुड़े रहे जो वाकई तारीफ के काबिल है। नागा ने कहा, ‘हम अपनी-अपनी जिदंगियों में अलग-अलग परियोजनाओं पर आगे बढ़ गए। मगर हमारी विचारधारा अब भी एक है और इस प्रचार अभियान ने हमें फिर से एक कर दिया है।’कुमार की रिहाई के लिए चलाए गए अभियान में प्रतिष्ठित चेहरा रही शहला रशीद भी उनके लिए प्रचार कर रही हैं। रशीद ने कहा कि दशकों बाद लोग एक ऐसे प्रतिनिधि की प्रतीक्षा कर रहे हैं जो नाइंसाफी के खिलाफ बोलने की हिम्मत कर सकता है और कुमार ऐसे ही हैं। रशीद जम्मू कश्मीर पीपल्स मूवमेंट में शामिल होकर मुख्यधारा की राजनीति में आ चुकी हैं।

इसके अलावा बॉलीवुड अभिनेत्री स्वरा भास्कर भी बेगूसराय में हैं। वह जेएनयू की पूर्व छात्रा हैं और 2016 में कुमार और खालिद का समर्थन करने के लिए सोशल मीडिया पर उन्हें ट्रोल किया गया था। भास्कर ने कहा, ‘कन्हैया कुमार दोस्त हैं और मेरे ख्याल से वह हमारी तरफ से एक अहम लड़ाई लड़ रहे हैं। अगर वह जीतते हैं तो यह भारतीय लोकतंत्र की जीत होगी।’ देशद्रोह के मामले में कुमार के साथ जेल जाने वाले उमर खालिद और अनिरबान भट्टाचार्य कुमार के पक्ष में सोशल मीडिया पर प्रचार-अभियान चला रहा हैं। कुमार को जेएनयू के लापता छात्र नजीब अहमद की मां फातिमा नफीस का भी आशीर्वाद मिला हुआ है। इसके अलावा, गुजरात के विधायक जिग्नेश मेवाणी और कार्यकर्ता तीस्ता सीतलवाड भी युवा नेता के लिए प्रचार कर रही हैं।