AIMIM का ऐलान- ‘नहीं चलने देंगे रामजन्म भूमि फिल्म’, पुलिस पर मुस्लिमो से बोलने की आजादी छीनने का आरोप

अलीगढ | रामजन्मभूमि फिल्म को लेकर अलीगढ में विवाद बडता जा रहा है | शुक्रवार को फिल्म के विरूद्ध और पुलिस से हाथापाई को लेकर AIMIM नेताओं पर सिविल लाइन थाणे में केस दर्ज किया गया है | अब सोमवार को ऑल इंडिया मजलिस ए इत्तेहादुल मुस्लिमीन की बैठक शाहजमाल स्थित नगर कार्यालय में आयोजित की गई। इसमें संगठन के कार्यकर्ताओं पर मुकदमा दर्ज करने का विरोध किया गया। नेताओं ने चेतावनी दी कि मुकदमा वापस नहीं हुआ तो गिरफ्तारी देंगे। संगठन के पदाधिकारियों ने यह भी एलान कर दिया है कि चाहे पुलिस मुकदमे लगाए या जेल भेज दे, सिनेमाघरों में रामजन्मभूमि नहीं चलने देंगे।

युवा नेता सैयद नाजिम अली ने कहा कि आज मुसलमानों से बोलने की आजादी तक छीनने की कोशिश की जा रही है। एक तरफ अयोध्या और आसपास के जिलों में कुछ हिंदू संगठन खुले में हथियार लहराते हैं और हवाई फायरिंग करते हैं तो उन पर एफआईआर नहीं होती।
लेकिन कोई मुस्लिम संवैधानिक तरीके से किसी मुद्दे को लेकर ज्ञापन देने जाता है तो पुलिस द्वारा उसको धक्के दिये जाते हैं। अगर वह धक्कों का विरोध करता है तो उस पर 5-6 धारा के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया जाता है।

छात्र नेता फैजुल हसन ने कहा कि छोटे-मोटे मुकदमों के भय से हम अपनी डरी हुई कौम के हक को दबने नहीं देंगे। इसीलिए जितनी जल्दी हो सके पुलिस यह सारे केस वापस ले ले। उल्लेखनीय है कि फिल्म रामजन्मभूमि का विरोध कर ज्ञापन देने जा रहे युवाओं की पुलिस से झड़प हुई थी।